फालसा [परुषक]
फालसा भारत में साधारणतया गंगा के मैदानी भागों एवं पूर्वी बंगाल को छोड़कर पंजाब, उत्तर प्रदेश,उत्तराखंड, महाराष्ट्र एवं आंध्र प्रदेश में पाया जाता है | इसका फल पीपल के फल के बराबर होता है | यह मीठा होता है तथा गर्मी के दिनों में इसका शरबत भी बनाकर पीते हैं | फालसा में प्रोलिन ,लायसिन, ग्लूटेरिक अम्ल,शर्करा,खनिज,कैरोटीन तथा विटामिन C पाया जाता है |
१- फालसे के सेवन से गैस और एसिडिटी के रोगियों को बहुत लाभ होता है |
२- फालसे और शहतूत का शरबत पीने से लू से बचा जा सकता है | फालसे के साथ सेंधानमक खाने से लू नहीं लगती है |
३- सुबह-शाम फालसे का शर्बत पीने से गर्मी के कारण होने वाला सिर दर्द ठीक हो जाता है |
४- दस मिली फालसे के रस को पिलाने से पेट के दर्द में लाभ होता है |
५- फालसे की पत्तियों को पीसकर त्वचा पर लगाने से गीली खुजली ठीक हो जाती है |
६- फालसे का शरबत बनाकर पीने से दाह का शमन होता है |
७- खून की कमी होने पर फालसे का सेवन करना चाहिए,इसे खाने से खून बढ़ता है |